गुजरात से आगे निकला यूपी, रिवर फ्रंट जनता को समर्पित

गुजरात से आगे निकला यूपी, रिवर फ्रंट जनता को समर्पित
ड्रीम प्रोजेक्ट जनता को समर्पित करने की खुशी मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के चेहरे पर स्पष्ट झलक रही है।
ड्रीम प्रोजेक्ट जनता को समर्पित करने की खुशी मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के चेहरे पर स्पष्ट झलक रही है।

उत्तर प्रदेश बुधवार को गुजरात से आगे निकल गया। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने लखनऊ में गोमती नदी के किनारे बने देश के सबसे बड़े रिवर फ्रंट को उद्घाटन कर जनता को समर्पित कर दिया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि यह देश का सबसे बड़ा रिवर फ्रंट है।

अखिलेश यादव ने कहा कि पिछले चार वर्षों में समाजवादियों ने जितना काम लखनऊ में किया है, उतना किसी ने नहीं किया है। उन्होंने रिवर फ्रंट के निर्माण में जुटे रहे अधिकारियों और इंजीनियरों को बधाई देते हुए कहा कि आप लोगों ने कड़ी मेहनत से कार्य को अंजाम दिया है। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा कि नदियों की सफाई बेहद जरूरी है। नालों का पानी नदियों में गिरने से जल प्रदूषित होता है। उन्होंने इस दौरान स्टेडियम का भी उद्घाटन किया।

उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री अखिलेश यादव द्वारा जनता को समर्पित किया गया रिवर फ्रंट एक दिन लखनऊ की पहचान बनेगा, क्योंकि गोमती नदी के किनारे अम्बेडकर पार्क और ताज होटल के पास जो सौन्दर्यीकरण का काम किया गया है, वह अदभुत है, साथ ही यह कुड़ियाघाट से लामार्टीनियर कॉलेज तक होना है। अब तक देश में सिर्फ गुजरात की साबरमती नदी ही ऐसी थी, जहाँ इस तरह सौन्दर्यकरण किया गया है, लेकिन लखनऊ की गोमती का रिवर फ्रंट साबरमती नदी से कहीं बड़ा है।

यह भी बता दें कि गोमती रिवर फ्रंट विकास परियोजना के तहत गोमती नदी के किनारों पर डायफ्राम वाॅल बनाकर नदी के पानी के बहाव को एक निश्चित रास्ता (वाॅटर-वे) दिया गया है। वाॅटर-वे एवं नदी के बंधे के बीच की उपलब्ध भूमि को सामुदायिक उपयोग के लिए विकसित किया गया है। इसमें साइकिल ट्रैक, जाॅगिंग ट्रैक, वाॅकिंग ट्रैक, किड्स प्ले एरिया के साथ-साथ प्रत्येक 500 मीटर पर पेयजल, टाॅयलेट और पार्किंग की व्यवस्था की गई है। साथ ही, वाॅटर-वे में वाॅटर बस के माध्यम से जल परिवहन की व्यवस्था भी की गई है, जो अगले माह से शुरू हो जाएगी। परियोजना के तहत झील का विकास कर म्युजिकल फाउण्टेन, योग स्थल, वेडिंग ग्राउण्ड, 02 हजार लोगों की क्षमता के एम्फी थिएटर, क्रिकेट और फुटबाल खेलने के लिए स्टेडियम का निर्माण कराया गया है। स्टेडियम में बैठने के लिए कंक्रीट व हार्ड मैटिरियल का प्रयोग न करके घास और पौधे लगाए गए हैं। यह अपनी तरह का पहला स्टेडियम है। परियोजना के तहत लखनऊ शहर के लोगों के मनोरंजन एवं शहरी सुन्दरता के लिए हार्डिंग ब्रिज, गोमती बैराज एवं लोहिया पुल पर आर.जी.बी. लाइटों का प्रयोग करके इल्यूमिनेशन का कार्य कराया गया है, तथा गांधी सेतु पर रंगीन लाइटों के साथ फाउण्टेन लगाया गया है, जो लखनऊ शहरवासियों के लिए सेल्फी प्वाइंट का रूप ले चुका है।

संबंधित लेख पढ़ने के लिए क्लिक करें लिंक

गठबंधन की चर्चा से ही होने लगा समाजवादी पार्टी को नुकसान

Leave a Reply