देश की एकता के लिए हिन्दू-मुस्लिम भाईचारा अत्यन्त आवश्यक

देश की एकता के लिए हिन्दू-मुस्लिम भाईचारा अत्यन्त आवश्यक
  • राज्य सरकार प्रदेश के चतुर्मुखी विकास के लिए सत्ता में आने के बाद से लगातार प्रयास कर रही है: मुख्यमंत्री
 
  • मौलाना अबुल कलाम आजाद ने देश की स्वतंत्रता के लिए कड़ा संघर्ष किया
 
  • मौलाना आजाद ने स्वतंत्रता के पश्चात् शिक्षा तथा अन्य क्षेत्रों में अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया
 
  • मुख्यमंत्री ने आजाद अकादमी जर्नल हिन्दी पुस्तिका का विमोचन किया
 
  • मुख्यमंत्री ने मौलाना आजाद मेमोरियल अकादमी को दी जाने वाली सहयोग राशि को बढ़ाकर 15 लाख रु0 करने की घोषणा की
 
लखनऊ में अपने सरकारी आवास 5, कालिदास मार्ग पर मौलाना आजाद मेमोरियल अकादमी के तत्वावधान में आयोजित आजाद अकादमी जर्नल हिन्दी पुस्तिका के विमोचन एवं मौलाना आजाद अवार्ड वितरण कार्यक्रम के अवसर विचार व्यक्त करते मुख्यमंत्री अखिलेश यादव।
लखनऊ में अपने सरकारी आवास 5, कालिदास मार्ग पर मौलाना आजाद मेमोरियल अकादमी के तत्वावधान में आयोजित आजाद अकादमी जर्नल हिन्दी पुस्तिका के विमोचन एवं मौलाना आजाद अवार्ड वितरण कार्यक्रम के अवसर विचार व्यक्त करते मुख्यमंत्री अखिलेश यादव।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा है कि राज्य सरकार प्रदेश के चतुर्मुखी विकास के लिए सत्ता में आने के बाद से लगातार प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ने ऐसी नीतियों एवं कार्यक्रमों को लागू किया है, जिनका लाभ सभी को मिले और जो लोग विकास की दौड़ में पीछे छूट गए हैं, उन्हें इनका अधिक से अधिक लाभ मिले। उन्होंने कहा कि सरकार ने अपनी योजनाओं में मुस्लिम वर्ग के लिए अपनी सभी विकास योजनाओं में 20 प्रतिशत लाभ मिलना सुनिश्चित किया है। मुस्लिम वर्ग के उत्थान के लिए जो भी प्रयास आवश्यक होंगे, वे अवश्य किए जाएंगे।
मुख्यमंत्री ने यह विचार आज लखनऊ में अपने सरकारी आवास 5, कालिदास मार्ग पर मौलाना आजाद मेमोरियल अकादमी के तत्वावधान में आयोजित आजाद अकादमी जर्नल हिन्दी पुस्तिका के विमोचन एवं मौलाना आजाद अवार्ड वितरण कार्यक्रम के अवसर व्यक्त किए। उन्होंने मौलाना आजाद मेमोरियल अकादमी को दी जाने वाली सहयोग राशि को बढ़ाकर 15 लाख रुपए करने की घोषणा भी की। उन्होंने कहा कि समाजवादी लोग मुस्लिम समुदाय का बहुत सम्मान करते हैं। मौलाना अबुल कलाम आजाद ने देश की स्वतंत्रता तथा स्वतंत्रता के पश्चात् शिक्षा तथा अन्य क्षेत्रों में अपना जो योगदान दिया, उसे कभी भुलाया नहीं जा सकता। गांधी जी और मौलाना आजाद देश के दो ऐसे बड़े नेता थे, जिन पर सभी भरोसा करते थे।
श्री यादव ने कहा कि देश की एकता के लिए हिन्दू-मुस्लिम भाईचारा अत्यन्त आवश्यक है। उन्होंने कहा कि इन दोनों में अविश्वास का माहौल बनाने वाली ताकतें सदैव रही हैं, परन्तु उनका मुकाबला हम आपसी सद्भाव स्थापित करके सुनिश्चित कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि सेक्युलैरिटी ही हमारे देश की पहचान है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि मौलाना आजाद शिक्षा के महत्व को भलीभांति जानते थे, इसीलिए उन्होंने शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रयास किए। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ने भी शिक्षा के महत्व को समझते हुए प्रदेश के 12वीं पास छात्रों को लैपटॉप बंटवाया, कन्या विद्या धन योजना बहाल की तथा अल्पसंख्यक समुदाय की बेटियों की पढ़ाई के लिए हमारी बेटी उसका कल योजना लागू की है। आज जिन देशों ने प्रगति की है, उन्होंने सबसे पहले अपनी शिक्षा व्यवस्था को ठीक किया, तभी वे प्रगति कर पाए।
श्री यादव ने कहा कि प्रदेश सरकार ने राज्य की स्वास्थ्य सेवाओं को चुस्त-दुरुस्त किया है, जिसके फलस्वरूप आज लोगों को मुफ्त में इलाज, दवा, जांच इत्यादि की सुविधा मिल रही है, जिससे अल्पसंख्यक समुदाय के लोग बड़ी संख्या में लाभान्वित हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा लागू की गई अन्य सेवाएं जैसे-108 समाजवादी एम्बुलेन्स सेवा, 102 नेशनल एम्बुलेन्स सेवा, बेरोजगारी भत्ता, समाजवादी पेंशन योजना इत्यादि के माध्यम से भी बड़ी संख्या में मुस्लिम वर्ग के लोगों को राहत मिल रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हिन्दी तथा उर्दू आज अंग्रेजी भाषा से पिछड़ गई है। उन्होंने कहा कि समाजवादी अंग्रेजी भाषा के विरोधी नहीं हैं, परन्तु वे हिन्दी तथा उर्दू का उत्थान चाहते हैं और इसके लिए महत्वपूर्ण कार्य करते हैं। सरकार ने जिन छात्रों को लैपटॉप वितरित किए हैं, वे उनमें तीनों भाषाओं अर्थात् हिन्दी, उर्दू तथा अंग्रेजी में कार्य कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार की लैपटॉप वितरण योजना की नकल अब अन्य राज्य भी कर रहे हैं।
श्री यादव ने कहा कि मुस्लिम समुदाय को मुअल्लिम की नौकरी देने के लिए कड़ा संघर्ष किया गया, जिसके फलस्वरूप आज बड़ी संख्या में मुअल्लिम की नौकरियां दी गई हैं। कार्यक्रम को चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री अहमद हसन, नदवा कॉलेज के प्रिंसिपल डा. सईदुर्रहमान आजमी नदवी, मौलाना मुस्तफा नदवी तथा शारिक अल्वी ने भी सम्बोधित किया।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने डा. सईदुर्रहमान आजमी नदवी और शारिक अल्वी को मौलाना आजाद अवार्ड से नवाजा।
कार्यक्रम के दौरान कारागार मंत्री राजेन्द्र चौधरी, बेसिक शिक्षा मंत्री राम गोविन्द चौधरी के अतिरिक्त मुख्यमंत्री के परामर्शी आमोद कुमार, प्रमुख सचिव सूचना नवनीत सहगल, सूचना निदेशक प्रभात मित्तल सहित कई वरिष्ठ अधिकारी तथा गणमान्य नागरिक मौजूद थे।

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