महिला महाविद्यालय में मनाई गई प्लैटिनम जुबिली

लखनऊ में महिला महाविद्यालय के प्लैटिनम जुबिली कार्यक्रम का उद्घाटन करते मुख्य सचिव आलोक रंजन।
लखनऊ में महिला महाविद्यालय के प्लैटिनम जुबिली कार्यक्रम का उद्घाटन करते मुख्य सचिव आलोक रंजन।
उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव आलोक रंजन ने कहा कि महिला महाविद्यालय, अमीनाबाद को उत्तर भारत का प्रथम महिला विश्वविद्यालय बनाने के प्रस्ताव पर प्रदेश सरकार नियमानुसार पूर्ण सहयोग करेगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार बालिकाओं को शत-प्रतिशत शिक्षित करने और रोजगार परक शिक्षा देने हेतु अनेक योजनाओं का क्रियान्वयन करा रही है। उन्होंने कहा कि आवश्यकता है कि हम सभी लोग जन- कल्याणकारी योजनाओं से आम नागरिकों को लाभान्वित कराने में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि स्किल मिशन के अन्तर्गत बालक-बालिकाओं को रोजगारपरक प्रशिक्षण दिलाये जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि मुझे यह जानकर प्रसन्नता हो रही है कि महिला महाविद्यालय में वोकेशनल एजुकेशन को बढ़ावा दिया जा रहा है।
मुख्य सचिव आज लखनऊ में महिला महाविद्यालय के प्लैटिनम जुबिली कार्यक्रम का उद्घाटन करने के उपरान्त अपने विचार व्यक्त कर रहे थे। उन्होंने कहा कि महिला महाविद्यालय में लड़कियों को और बेहतर शिक्षा प्रदान कराने हेतु अतिरिक्त कक्षाएं, प्रेक्षागृह (आडिटोरियम) , गल्र्स हास्टल, पुस्तकालय एवं प्रयोगशाला आदि के विकास के लिए प्रदेश सरकार पूरा सहयोग करेगी। उन्होंने कहा कि समाज की उन्नति के लिए बालिकाओं को शिक्षित करना अति आवश्यक है। महिलाओं को तकनीकी शिक्षा दिलाकर समाज एवं प्रदेश में प्रगति और अधिक लाई जा सकती है। उन्होंने कहा कि मुझे इस बात की जानकारी होने पर अत्यन्त हर्ष हो रहा है कि 125 वर्ष पुराने इस कालेज द्वारा महिला डिग्री कालेज का स्वरूप लेने के पश्चात् निरन्तर हजारों छात्राओं को शिक्षा प्रदान कर रहा है।
श्री रंजन ने कहा कि महिला महाविद्यालय द्वारा मेडिसिन प्लाण्ट की गार्डेन अर्थात् घरेलू नुस्खों की लाइबे्ररी की स्थापना का प्रस्ताव सकारात्मक प्रयास है जिसके लिए उचित सहयोग किया जायेगा। उन्होंने कहा कि महिला कालेज का प्रदेश एवं देश में स्थान है। इस कालेज में शिक्षा प्राप्त अनेक छात्राएं विदेशों में भी अपना कीर्तिमान स्थापित कर प्रदेश का नाम गौरवान्वित किया है। उन्होंने कहा कि बालिकाओं को शिक्षित करने हेतु समाज में जागरूकता लाना अच्छी एवं ऊँची सोच है, जिसके लिए हम सभी को अपनी और अधिक भागीदारी का निर्वहन करना चाहिए। कार्यक्रम में महिला महाविद्यालय के प्रबन्ध कमेटी के अध्यक्ष उमेश चन्द्रा, सचिव ए0के0 श्रीवास्तव तथा प्रधानाचार्या जया श्रीवास्तव ने भी अपने विचार व्यक्त कर महाविद्यालय की प्रगति से अवगत कराया।

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