राहुल ने अपहरण और बलात्कार के आरोप को बताया आधारहीन

कांग्रेस के युवराज कहे जाने वाले राहुल गांधी ने सुप्रीम कोर्ट में गुहार लगाईं है, उन्होंने इलाहाबाद हाई कोर्ट के उस आदेश के खिलाफ दायर याचिका को रद्द करने की मांग की, जिसमें उन्हें आरोप मुक्त किया गया था।

राहुल ने अपहरण और बलात्कार के आरोप को बताया आधारहीन

इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने राहुल के खिलाफ नाबालिग के अपहरण और बलात्कार के मामले को खारिज कर दिया था।

सुप्रीम कोर्ट की खंडपीठ के समक्ष दायर शपथ पत्र में राहुल ने कहा कि मैं दृढ़ता से याचिकाकर्ता द्वारा लगाए गए अपहरण एवं बलात्कार के आरोपों से इंकार करता हूं। यह आरोप झूठे हैं और बदनियत से लगाये गए हैं, साथ ही आधारहीन हैं। एक वेबसाइट पर लगाए गए आरोपों को किसी भी जिम्मेदार व्यक्ति द्वारा संज्ञान में नहीं लिया जा सकता। उल्लेखनीय है कि समाजवादी पार्टी के एक पूर्व विधायक ने राहुल गांधी पर यह आरोप लगाते हुए याचिका दायर करके जांच की मांग की थी कि राहुल गांधी ने अमेठी की एक लड़की को परिवार समेत बंधक बनाया और रेप किया। सुप्रीम कोर्ट ने पिछले साल 6 अप्रैल को राहुल गांधी, उत्तर प्रदेश सरकार के साथ चार और लोगों को एक पूर्व विधायक किशोर समरिते की ओर से दायर याचिका पर नोटिस जारी किया था। राहुल गांधी ने इसी नोटिस के जवाब में सुप्रीम कोर्ट में शपथ पात्र दिया। किशोर ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका तब दायर की थी, जब इलाहाबाद हाई कोर्ट ने उनकी याचिका को खारिज करते हुए झूठे आरोप लगाने के लिए उन पर 50 लाख रुपए का जुर्माना लगाया था और सीबीआई जांच के आदेश दिए थे। सुप्रीम कोर्ट में सेवा निवृत हो चुके वीएस सिरपुरकर और जस्टिस टीएस ठाकुर की पीठ ने हाई कोर्ट के आदेश पर रोक लगाते हुए राहुल गांधी और उत्तर प्रदेश सरकार से जवाब मांगा था।

Leave a Reply